Limb-Girdle Muscular Dystrophy क्या है?

Limb-Girdle Muscular Dystrophy kya hai- limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी एक ऐसा डिजीज है जिसमे व्यक्ति का शरीर सही से काम नही कर पाता है और इससे व्यक्ति की पूरी बॉडी का सिस्टम प्रभावित होता है. आप में से कुछ लोगों को इसके बारे में पता होगा लेकिन कुछ लोग ऐसे भी होंगे जिन्हें इसके बारे में जानकारी नही होगी इसीलिए आज इस आर्टिकल में हम आपको इसके बारे में पूरी जानकारी देंगे.

Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी क्या है?

Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी एक ऐसा डिसआर्डर है जिसमे इससे पीड़ित व्यक्ति का शरीर सही से काम नही कर पाता है जिससे उस व्यक्ति का पूरा शरीर प्रभावित होता है. इससे पीड़ित व्यक्ति की हिप्स और शोल्डर्स की मसल्स में इतनी वीकनेस आ जाती है कि उसका पूरा शरीर काम करने में परेशानी फील करता है.

Limb-Girdle Muscular Dystrophy kya hai
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डिस्ट्रॉफी का अर्थ होता है टीसूस का डि-जेनेरेशन, और ये हेरेडिटी या फिर मालन्यूट्रीशियन के कारण हो सकता है. इसे कुपोषण भी कहा जा सकता है मतलब कि लिम्ब और गिर्डल की मसल्स में कुपोषण. लिम्बस मसल्स में आर्म्स और लेग्स की मसल्स आती है और गिर्डल एरिया में हिप्स, पेल्विस, और एब्डोमेन की मसल्स आती है. limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी शरीर के अन्दर के भाग को भी प्रभावित करता है जैसे- हार्ट, और ये डिसआर्डर बढ़ने के साथ ही साँस लेने में दिक्कत और मसल्स में सूजन जैसी प्रॉब्लम भी हो सकती है.

Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी के लक्षण क्या है?

ये डिसआर्डर होने वाले व्यक्ति को शुरुआत में चलने में दिक्कत होती है और डगमगाती हुई चाल से चला जाता है क्युकी हिप्स और लेग्स वीक होने लगती है, इसके अलावा सीडियाँ चढ़ने, चेयर से उठने में भी दिक्कत होती है. शोल्डर्स की वीकनेस सिर तक जा सकती है जिससे भारी सामान उठाना कठिन हो जाता है. इन सभी चीजों के अलावा अपने बाल खुद बनाना, कही ऊँची जगह सामान रखना मुश्किल हो जाता है इससे पीड़ित  व्यक्ति में इसके डिसआर्डर ज्यादा हों जाने से खाना खाने में भी काफी दिक्कत होती है कंप्यूटर पर कुछ भी टाइप्स करना भी कुछ केसेस में सम्भव नही हो पाता है.

Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी किसको हो सकती है?

ये प्रॉब्लम किसी को भी (बच्चों से लेकर बूढों तक सभी को) और कभी भी हो सकती है और ये महिला और पुरुष दोनों को एक सामान ही प्रभावित करता है. इसके डिफरेंट टाइप किस तरह से बढ़ते हैं ये कन्फर्म नही बताया जा सकता है क्युकी ये डिसआर्डर हर व्यक्ति में अलग-अलग हो सकता है. ऐसा हो सकता है कि छोटे बच्चे में शुरू हुआ limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी तेजी से बढ़े और ज्यादा डिस-एबिलिटी लाये, जबकि टीन ऐज और एडल्ट ऐज में होने वाला ये डिसआर्डर इतना ज्यादा इफेक्टिव नही होता है और धीरे भी बढ़ता है.

Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी किस कारण से हो सकती है?

ये बीमारी होने का मुख्य कारण जीन से जुड़ा होता है जब जीन में कोई बदलाव आ जाता है तो सेल्स ऐसी प्रोटीन्स नही बना पाती है जो हेल्दी मसल्स के लिए जरूरी होती है और इसी कारण से मसल्स कमजोर रह जाती है और सही तरह से काम नही कर पाती है. जीन्स के अलावा ये बीमारी होने के कई और कारण भी है.

ये एक जेनेटिक डिजीज है ये एलजीएमडी फॅमिली में दो तरह आगे बढ़ सकती है-

ऑटोसोमल डोमिनेंट पैटर्न

जिन जीन्स के कारण ये बीमारी होती है वो X या Y क्रोमोसोम्स पर नही रहता है मतलब कि जेंडर से इस पर कोई फर्क नही पड़ता है, और इस पैटर्न में व्यक्ति को अपने जिस एक पैरेंट से ये म्युटेड जीन मिला होता है उस व्यक्ति में एलजीएमडी के लक्षण पाए जाते हैं और उस पैरेंट में भी ये डिजीज होती है.

ऑटोसोमल रेससिव पैटर्न

इस पैटर्न में किसी व्यक्ति को ऐसे दो म्युटेड जीन मिलते हैं जो एलजीएमडी बनाते हैं ये दोनों जीन्स उसे व्यक्ति को उसके पैरेंट से मिलते हैं इस पैटर्न में पैरेंट में एलजीएमडी के लक्षण नही दिखाई पड़ते हैं लेकिन बच्चे में इसके लक्षण आ जाते हैं.

Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी का इलाज क्या है?

अभी तक एलजीएमडी का कोई ट्रीटमेंट अवेलेबल नही हुआ है फिर भी इस बीमारी से पीड़ित व्यक्ति की स्थिति में सुधार करने के लिए इलाज किया जाता है इसमें उस व्यक्ति की फिजिकल एग्जाम, मेडिकल हिस्ट्री, लेबोरेटरी टेस्ट किया जाता है कुछ मुख्य इलाज ये होते है मोटापे को बढ़ने से रोकने के लिए वेट कंट्रोल किया जाता है, फिजिकल थेरेपी और स्ट्रेचिंग एक्सरसाइजेस कराई जाती है, वाकर्स, व्हीलचेयर की मदद ली जाती है, जीन थेरेपी के द्वारा इस डिसआर्डर को क्योर करने की पोसिबिलिटीस भी दिखाई देती है.

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आज आपने क्या सीखा?

हमे उम्मीद है कि हमारा ये (Limb-Girdle Muscular Dystrophy kya hai) आर्टिकल आपको बहुत पसंद आया होगा और आपके लिए काफी हेल्पफुल भी होगा इसमें हमने आपको Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी से रिलेटेड सभी जानकारी दी है जैसे- Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी क्या है? Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी के लक्षण क्या है? Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी किसको हो सकती है? Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी किस कारण से हो सकती है? और Limb-Girdle मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी का इलाज क्या है? आदि.

हमारी ये (Limb-Girdle Muscular Dystrophy kya hai) जानकारी आपको कैसी लगी कमेंट करके जरुर बताइयेगा और ज्यादा से ज्यादा लोगों के साथ भी कीजियेगा.

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