Cerebral Palsy क्या है? | What is Cerebral Palsy in hindi

Cerebral Palsy kya hai- सेरेब्रल पाल्सी एक तरह की बीमारी है आप में से कुछ लोगों को इस रोग के बारे में पता होगा लेकिन कुछ लोग इस बीमारी के बारे में नही जानते हैं इसीलिए आज इस आर्टिकल में हम आपको सेरेब्रल पाल्सी के बारे में बतायेंगे अगर आप भी इसके बारे में जानना चाहते हैं तो हमारे इस आर्टिकल को पूरा जरुर पढ़िएगा.

सेरेब्रल पाल्सी क्या है? (What is Cerebral Palsy in hindi)

सेरेब्रल पाल्सी एक तरह की न्यूरोलॉजिकल डिसआर्डर है जो बच्चे की शरीरिक गति चलने फिरने की क्षमता को प्रभावित करता है सेरेब्रल शब्द का अर्थ मस्तिष्क के दोनों भाग से होता है और पाल्सी शब्द का अर्थ शरीरिक गति की कमजोरी या समस्या से है.

Cerebral Palsy kya hai
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सेरेब्रल पाल्सी एक तरह की विकलांगता होती है जिसमे बच्चे को कोई वास्तु पकड़ने और चलने में दिक्कत होती है ये रोग मस्तिष्क के कुछ भाग में किसी भी तरह की चोट के कारण से होता है. ये रोग प्रोग्रेसिव नही है इसीलिए उम्र बढ़ने के साथ ये बढ़ता नही है. ज्यादातर मामलों में सेरेब्रल पाल्सी गर्भाशय या जन्म क दौरान सिर में चोट लगने के कारण होता है, सेरेब्रल पाल्सी बच्चे में विकलांगता का मेन कारण होता है.

सेरेब्रल पाल्सी के लक्षण क्या है?

इसके लक्षण हर व्यक्ति में अलग-अलग होते हैं अगर ये हलके से गंभीर भी हो सकते हैं कुछ लोगों को सेरेब्रल पाल्सी होने से बैठने में दिक्कत हो सकती है तो कुछ लोगों को वस्तुओं को पकड़ने में दिक्कत हो सकती है. बच्चे के जन्म के 3 से 6 महीने में पहचाना जा सकता है जैसे-समय पर उठने- बैठने या चलने की प्रक्रिया शुरू न हो पाना, मांशपेशियों में कॉर्डिनेशन और बैलेंस की कमी, जिसे अटैक्शिया कहा जाता है

अटैक्शिया से पीड़ित लोग अपनी इच्छा से किये जाने वाले कामों को मांशपेशियों पर नियंत्रण न होने कारण सही से नही कर पाते हैं जैसे चलना या फिर कोई सामान उठाना, जन्म के समय देर से रोना या साँस लेना, बच्चे का शरीर बहुत लचीला होना, दूसरे बच्चों की तुलना में विकास धीमे होना, करवट न बदल पाना, बच्चे के बोलने में समस्या, और ज्यादा लार आना, शरीर के एक हिस्से को दूसरे हिस्से की तुलना में कम उपयोग कर पाना आदि जैसी समस्याएं हो सकती है.

सेरेब्रल पाल्सी होने का कारण क्या है?

हमारे मस्तिष्क का एक हिस्सा हमारी मांशपेशियों को नियंत्रित करता है जिसे सेरेब्रम (Cerebrum) कहा जाता है ये मस्तिष्क का ऊपरी हिस्सा होता है जो जन्म से पहले, जन्म के दौरान या 5 साल के अंदर ही सेरेब्रम में चोट लगना सेरेब्रल पाल्सी का कारण बनता है सेरेब्रम मेमोरी, सीखने की क्षमता, संचार कौशल, को भी कंट्रोल करता है यही कारण है कि सेरेब्रल पाल्सी से पीड़ित व्यक्ति बातचीत करने, सीखने में दिक्कत होती है. कुछ नवजात शिशुओं को प्रशव के दौरान ऑक्सीजन की कमी हो जाती है इसके मुख्य कारण है-

पेरिवेंट्रीकुलर ल्यूकोमलेसिया

इसे पीवीएल भी कहा जाता है ये एक तरह की क्षति है जिसमे गर्भावस्था में ऑक्सीजन की कमी के कारण मस्तिष्क का सफेद भाग प्रभावित होता है गर्भावस्था के दौरान माँ को संक्रमण जैसे कि रूबेला, या जर्मन खसरा, लो ब्लड प्रेशर या गलत दवा का इस्तेमाल करने से ये रोग हो सकता है.

अबनॉर्मल डेवलपमेंट ऑफ़ ब्रेन

गर्भावस्था के पहले 6 महीने के दौरान भ्रूण का मस्तिष्क विशेष रूप से कमजोर होता है मस्तिष्क के विकास के रुकावट या कमी से मस्तिष्क शरीर की मांशपेशियों को ठीक से संचार नही कर पाता है जिससे ये समस्या उत्पन्न हो जाती है.

इंट्राक्रेनियल हेमरेज

कभी-कभी मस्तिष्क के अन्दर तम्रक्षा होता है मस्तिष्क में रक्त स्राव टीसूज में रक्त की आपूर्ति को रोक सकता है ये टीसू क्षतिग्रस्त हो सकते है ये ब्लड आस-पास के टीसू में थक्का और नुकसान पहुंचा सकते हैं.

ब्रेन डैमेज आफ्टर डेथ

कुछ मामलों में जन्म के बाद इस रोग के होने के चांस होते हैं यह किसी संक्रमण के कारण भी हो सकती है जैसे- सिर में चोट लगने से, जहर के कारण. ये क्षति जन्म के तुरंत बाद होती है.

सेरेब्रल पाल्सी का इलाज क्या है?

सेक्रेब्रल पाल्सी का अभी कोई इलाज नही है लेकिन उपचार इसके लक्षणों को बढ़ने से रोकने में मदद कर सकता है.

फिजियो थेरेपी

इसके उपचार के लिए फिजियोथेरेपी का सहारा लेना चाहिए, फिजियोथेरेपी एक ऐसा उपचार है जिसमे एक्सरसाईज और स्टैचिंग जैसी टेक्निक से शरीरिक गति को बनाये रखते में काफी मदद मिलती है. ये सेरेब्रल पाल्सी के लिए सबसे सही इलाज है.

स्पीच थेरेपी

इसके दौरान उन बच्चों को मदद मिल सकती है जिन्हें बोलने के दिक्कत महसूस होती है एक्सरसाइज के साथ ही बोलने की प्रैक्टिस कराना, या चित्रों के द्वारा इन्हें सिखाने में मदद मिलती है.

ऑक्यूपेशनल थेरेपी

इसमें डॉक्टर बच्चे की रोजमर्रा के कामों में होने वाली समस्याओं को पता करता है और उन गतिविधियों को सही तरीके से करने की सलाह देता है जिसमे शरीरिक गतिविधियों की जरूरत होती है जैसे- शौचालय जाना या कपड़े पहनना, ऑक्यूपेशनल थेरेपी बच्चे के एटीएम सम्मान और शोधकता को बढ़ाने में बहुत उपयोगी होता है.

मेडिकेशन

ऐसी कई दवाएं है जो सेरेब्रल पाल्सी के लक्षणों में राहत देती हैं इनमे मांशपेशियों की कठोरता के लिए दवाएं, नींद की दिक्कत के लिए दवाएं, मिर्गी आदि के लिए दवाएं शामिल होती है.

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 आज आपने क्या सीखा?

हमे उम्मीद है कि हमारा ये (Cerebral Palsy kya hai) आर्टिकल आपको बहुत पसंद आया होगा और आपके लिए काफी यूजफुल भी होगा, इसमें हमने आपको सेरेब्रल पाल्सी से रिलेटेड सभी जानकारी दी है जैसे- सेरेब्रल पाल्सी क्या है? सेरेब्रल पाल्सी के लक्षण क्या है? सेरेब्रल पाल्सी होने का कारण क्या है? और सेरेब्रल पाल्सी का इलाज क्या है? आदि.

हमारी ये (Cerebral Palsy kya hai) जानकारी आपको कैसी लगी कमेंट करके जरुर बताइयेगा और ज्यादा से ज्यादा लोगों के साथ भी कीजियेगा.

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